Norman Gifford

क्रिकेट जगत में शोक की लहर, 44 साल की उम्र में इंग्लैंड की कप्तानी करने वाले दिग्गज स्पिनर का हुआ निधन

Norman Gifford Passed Away: क्रिकेट जगत से एक दुखद खबर सामने आई है. इंग्लैंड के पूर्व दिग्गज गेंदबाज नॉर्मन गिफोर्ड का 85 साल की उम्र में निधन हो गया है. वह काफी समय से बीमार चल रहे थे. नॉर्मन लंबे वक्त तक इंग्लैंड क्रिकेट से जुड़े रहे और वह वॉर्सेस्टरशायर की 1964 और 1965 की काउंटी चैम्पियनशिप जीतने वाली टीमों के एक प्रमुख सदस्य थे. उनके निधन से इंग्लिश क्रिकेट और काउंटी क्रिकेट जगत में शोक की लहर दौड़ गई है.

1974 में वॉर्सेस्टरशायर को दिलाया था खिताब

काउंटी क्रिकेट में भी बाएं हाथ के स्पिनर नॉर्मन गिफोर्ड का योगदान बेहद खास रहा. गिफोर्ड 1964 और 1965 में वॉर्सेस्टरशायर की काउंटी चैंपियनशिप जीतने वाली टीम का अहम हिस्सा थे और बाद में 1974 में भी टीम को खिताब दिलाने में बड़ी भूमिका निभाई. इसके अलावा, 1971 में उन्होंने टीम को संडे लीग का खिताब भी जिताया.

उन्होंने 1960 से 1988 तक वोरसेस्टरशायर और वार्विकशायर के लिए फर्स्ट क्लास क्रिकेट खेला और इस दौरान 1615 विकेट झटके. उनके शानदार करियर को देखते हुए उन्हें 1975 में विस्डन क्रिकेटर ऑफ द ईयर चुना गया और 1978 में क्रिकेट में योगदान के लिए MBE से सम्मानित किया गया. वॉर्सेस्टरशायर काउंटी क्रिकेट क्लब को गिफोर्ड के निधन पर गहरा शोक जताया है.

44 साल की उम्र में की थी इंग्लैंड वनडे टीम की कप्तानी

नॉर्मन गिफोर्ड ने 1964 से 1973 के बीच इंग्लैंड के लिए 15 टेस्ट मैच खेले और 31.09 की औसत से 33 विकेट अपने नाम किए. पाकिस्तान के खिलाफ कराची टेस्ट में 55 रन देकर 5 विकेट लेना उनके टेस्ट करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा. हालांकि, उनके करियर का सबसे दिलचस्प मोड़ तब आया जब 44 साल की उम्र में उन्होंने 1985 में शारजाह में खेले गए रॉथमन्स 4 नेशंस कप के दौरान इंग्लैंड की कप्तानी की. उन्होंने दो ODI मैचों में टीम की कमान संभाली और इसी के साथ वह ODI क्रिकेट में कप्तानी करने वाले सबसे उम्रदराज खिलाड़ी बन गए.

उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 44 साल 359 दिन की उम्र में बतौर कप्तान अपना ODI डेब्यू किया था. यह रिकॉर्ड आज तक कायम है. इसके बाद गिफोर्ड वॉर्विकशायर टीम में शामिल हो गए और 5 सीजनों तक टीम की कप्तानी संभाली. उन्होंने 48 साल की उम्र में 1988 में क्रिकेट से संन्यास ले लिया था. संन्यास के बाद गिफोर्ड वॉर्सेस्टरशायर क्लब के अध्यक्ष के रूप में काम किया.

ये भी पढ़ें- SL vs ENG: पहले वनडे के लिए इंग्लैंड ने किया प्लेइंग 11 का ऐलान, लगभग 2 साल बाद टीम में लौटा एक खिलाड़ी